मातृभूमि की स्वतंत्रता के लिए अपना जीवन समर्पित करने वाली रानी चेन्नम्मा की जयंती पर उन्हें सादर नमन : डॉ. अभिनव कपूर
जनसेवी डॉ. अभिनव कपूर ने कहा, नारी शक्ति और साहस की प्रतीक, कर्नाटक की लक्ष्मीबाई कही जाने वाली रानी चेन्नम्मा जी का अदम्य साहस, संघर्ष और मातृभूमि के प्रति समर्पण सदैव देशवासियों के लिए बड़ी मिसाल है।

देहरादून। प्रसिद्ध जनसेवी, विख्यात शिक्षक, ज्ञान कलश सोशल वेलफेयर एंड एजुकेशनल सोसाइटी के अध्यक्ष एवं शिक्षा रत्न की उपाधि से सम्मानित डॉ. अभिनव कपूर ने देश की महान वीरांगना, अमर बलिदानी रानी चेन्नम्मा की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए सादर नमन किया।
इस अवसर पर अपने संदेश में शिक्षा रत्न डॉ. अभिनव कपूर ने कहा, भारत के स्वतंत्रता संग्राम में अंग्रेजों के विरुद्ध संघर्ष कर मातृभूमि की स्वतंत्रता और स्वाभिमान की रक्षा के लिए अपना जीवन समर्पित करने वाली कित्तूर की वीरांगना रानी चेन्नम्मा जी की जयंती पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि एवं शत-शत नमन!

समाजसेवी डॉ. अभिनव कपूर ने कहा, महारानी लक्ष्मीबाई के राज्य से पूर्व अंग्रेजों ने 1824 में ही ‘हड़प नीति’ से कित्तूर को हड़पने का प्रयास किया था। रानी चेन्नम्मा जी ने सशस्त्र विद्रोह कर अंग्रेजों के छक्के छुड़ा दिए, परंतु कुछ समय पश्चात अंग्रेजों ने पूरी क्षमता से कित्तूर पर हमला किया और कठिन संघर्ष के बाद कित्तूर पर कब्जा कर लिया। मातृभूमि की सेवा में ‘कर्नाटक की लक्ष्मीबाई’ चेन्नम्मा जी का बलिदान सदैव के लिए अविस्मरणीय, प्रेरणादायी है।
जनसेवी डॉ. अभिनव कपूर ने कहा, नारी शक्ति और साहस की प्रतीक, कर्नाटक की लक्ष्मीबाई कही जाने वाली रानी चेन्नम्मा जी का अदम्य साहस, संघर्ष और मातृभूमि के प्रति समर्पण देशवासियों के लिए बड़ी मिसाल है। मातृभूमि के सम्मान में ब्रिटिश साम्राज्य की नींव हिला देने वाला उनका ओजस्वी व्यक्तित्व सशक्त, स्वाभिमानी और समर्थ भारत के निर्माण की प्रेरणा देता रहेगा।




